महाकुंभ का पहला शाही स्नान - 28 लाख से ज्यादा लोगों ने लगाई डुबकी

महाकुंभ का पहला शाही स्नान - 28 लाख से ज्यादा लोगों ने लगाई डुबकी
महाकुंभ का पहला शाही स्नान - 28 लाख से ज्यादा लोगों ने लगाई डुबकी

हरिद्वार,11 मार्च 2021 (यू.टी.एन.)। हरिद्वार में हरकी पैड़ी पर शाही स्नान के लिए श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा है। अपराह्न साढ़े चार बजे श्री पंचायती अखाड़ा महानिर्वाणी और श्री शंभू पंच अटल अखाड़ों के संत ब्रह्मकुंड पर हर-हर महादेव के जयघोष के साथ पहुंचे और स्नान किया। अखाड़ों के साधु-संत-महंत क्रमवार अपने-अपने आचार्य महामंडलेश्वरों के नेतृत्व में रथों पर सवार होकर छावनियों से हरकी पैड़ी क्षेत्र पहुंचे। शाम पांच में अखाड़ों का स्नान संपन्न हो गया। गुरुवार को दोपहर तीन बजे 28 लाख 50 हजार 305 लोगों ने स्नान किया है। शाम तक 33 लाख लोगों के स्नान करने की संभावना है।अखिल भारतीय अखाड़ा परिषद के महामंत्री एवं जूना अखाड़े के संरक्षक श्रीमहंत हरि गिरि संन्यासियों के साथ महाकुंभ का पहला शाही स्नान नहीं कर पाए। स्नान की तैयारियां पूरी करवाने के बाद वह महाशिवरात्रि मनाने गुजरात के जूनागढ़ पहुंचे हैं। 14 मार्च को वह हरिद्वार पहुंच जाएंगे। 

श्री महानिर्वाणी और श्री अटल अखाड़ों का जुलूस डामकोठी पुल पार कर शिवमूर्ति की तरफ से वाल्मीकि चौक होकर अपराह्न साढ़े बजे ब्रह्मकुंड पहुंचेगा। हरकी पैड़ी पर करीब पांच बजे तक स्नान होगा। उसी मार्ग से वापसी कर संत छह बजे अपनी छावनी में प्रवेश करेंगे। जूना और किन्नर अखाड़े की छावनी ललतारौ पुल के पास बनी है। जबकि अग्नि और आह्वान अखाड़े की छावनी मायादेवी मंदिर परिसर में है। निरंजनी और आनंद अखाड़े की छावनी सेफ पार्किंग में बनी है। महानिर्वाणी की कनखल और अटल अखाड़े की छावनी बंगाली मोड़ के पास बनी है। जूना अखाड़े के सहयोगी के रूप में किन्नर अखाड़ा ने आज हरिद्वार महाकुंभ में पहली बार शाही स्नान किया। आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी लक्ष्मी नारायण त्रिपाठी के नेतृत्व में 13 रथों पर सवार किन्नर जुलूस में शामिल हुए। 100 से अधिक किन्नरों ने ब्रह्मकुंड पर शाही सन्ना किया।

श्री निरंजनी और आनंद अखाड़े का जुलूस वाल्मीकि चौक से हरकी पैड़ी की तरफ चला और दोपहर करीब 12 बजकर 15 मिनट पर हरकी पैड़ी पहुंचा। जिसके बाद संतों ने गंगा स्नान किया। इस दौरान कुछ संतों के हाथों में तिरंगा झंडा भी दिखाई दिया। इस दौरान मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत निरंजनी और आनंद आखड़ा के संतों के स्नान के बीच हरकी पैड़ी पर पहुंचे। उन्होंने संतों पर फूल बरसाए और उनका आशीर्वाद लिया। उन्होंने मां गंगा से प्रदेश वासियों की सुख समृद्धि की कामना की। शाही स्नान पर पहुंचे साधु-संतों और श्रद्धालुओं का मुख्यमंत्री ने स्वागत किया।